⚡ 📏 एन.ई. कोड ऑफ प्रैक्टिस और आई.ई. नियम: एनर्जी मीटर बोर्ड माउंटिंग के लिए (NE code of practice and IE Rules for mounting energy meter board)
उद्देश्य (Objectives): इस लेसन के अंत में आप सक्षम होंगे:
- एनर्जी मीटरों की माउंटिंग (mounting) से संबंधित बी.आई.एस. (BIS) सिफारिशों को बताने में।
🖼️ एनर्जी मीटर के प्रतीक और आरेख (Symbols and Diagrams)
एनर्जी मीटरों के लिए BIS सिम्बल्स (symbols) चित्र 1a और 1b में दिए गए हैं:
- Fig 1a: सिंगल फेज एनर्जी मीटर (Single Phase Energy Meter – Wh)
- Fig 1b: थ्री फेज एनर्जी मीटर (Three Phase Energy Meter – 3Wh)
सिंगल फेज और थ्री फेज मीटरों के इंटरनल सर्किट डायग्राम (Internal circuit diagrams) क्रमशः चित्र 2 और 3 में दिखाए गए हैं।
🔌 इंस्टॉलेशन का तरीका (Installation Procedure)
पुराना तरीका: पहले के घरेलू इंस्टॉलेशन (domestic installations) में सर्विस मेन्स (service mains) को उपभोक्ता के परिसर के अंदर लाया जाता था और सबसे पहले IC कटआउट (IC cutouts) से, फिर एनर्जी मीटर से और अंत में उपभोक्ता के मेन स्विच (main switch) से जोड़ा जाता था (Fig 4a और 4b देखें)।
आधुनिक तरीका (Anti-Theft): हालांकि, बिजली की चोरी (pilferage) को रोकने के लिए, अब कुछ बिजली बोर्ड इस बात पर जोर देते हैं कि सर्विस कनेक्शन सबसे पहले एनर्जी मीटर (energy meter) से जुड़ना चाहिए, उसके बाद IC कटआउट से और फिर उपभोक्ता के मेन स्विच से।
महत्वपूर्ण: सभी मामलों में, न्यूट्रल (neutral) को एनर्जी मीटर के आउटगोइंग टर्मिनल से सीधे उपभोक्ता के मेन स्विच से जोड़ा जाना चाहिए (Fig 4b)।
⚠️ एनर्जी मीटर स्थापित करते समय सावधानियां (Precautions while installing energy meters)
- केवल स्थानीय बिजली बोर्ड अधिकारियों द्वारा टेस्टेड और अप्रूव्ड (tested and approved) एनर्जी मीटर का ही उपयोग किया जाना चाहिए।
- एनर्जी मीटर का उपयोग हमेशा वर्टिकल पोजीशन (vertical position) यानी खड़ी स्थिति में ही किया जाना चाहिए।
- इनकमिंग (incoming) और आउटगोइंग (outgoing) सप्लाई के कनेक्शन निर्माता के निर्देशों या कनेक्शन डायग्राम (connection diagram) के अनुसार ही होने चाहिए। यह डायग्राम आमतौर पर मीटर की टर्मिनल प्लेट के अंदरूनी हिस्से पर उपलब्ध होता है।
📜 एनर्जी मीटर इंस्टॉलेशन के लिए NE कोड और IE नियम (NE code of practice and IE rules)
- पहुँच (Accessibility): एनर्जी मीटर ऐसे स्थान पर लगाए जाने चाहिए जहाँ इमारत के मालिक और बिजली विभाग के अधिकृत प्रतिनिधि (authorised representatives) आसानी से पहुँच सकें।
- ऊंचाई (Height): इसे ऐसी ऊंचाई पर लगाया जाना चाहिए जहाँ मीटर रीडिंग लेना सुविधाजनक हो। अधिमानतः (preferably), इसे जमीन से 1 मीटर (1 m) से नीचे नहीं लगाया जाना चाहिए।
- सुरक्षा (Protection): एनर्जी मीटरों को या तो एक सुरक्षात्मक आवरण (protective covering) से पूरी तरह बंद किया जाना चाहिए (सिवाय रीडिंग देखने वाली कांच की खिड़की के), या फिर उन्हें लॉक करने की सुविधा वाले पैनल (enclosed panel) के अंदर लगाया जाना चाहिए।
- सटीकता (Accuracy): उपभोक्ता के यहाँ लगा मीटर सही क्षमता का होना चाहिए। इसे तब सही माना जाता है जब इसकी त्रुटि की सीमा (limits of error) फुल लोड के 1/10 से अधिक और फुल लोड तक के सभी लोड पर ±3% से अधिक न हो।
- नो लोड (No Load): कोई भी मीटर ‘नो लोड’ की स्थिति में रीडिंग रजिस्टर नहीं करना चाहिए।
🛠️ सामान्य निर्देश (General instructions)
- अर्थिंग (Earthing): एनर्जी मीटर की बॉडी को इंस्टॉलेशन की करंट क्षमता के अनुसार सही आकार के अर्थ निरंतरता कंडक्टर (earth continuity conductor) का उपयोग करके अर्थ किया जाना चाहिए।
- बहुमंजिला इमारतें (Multi-storeyed buildings): ऐसी इमारतों में जहाँ कई ऑफिस या फ्लैट होते हैं, प्रत्येक के लिए अलग मीटर लगाया जाता है। इन मामलों में, सभी एनर्जी मीटर एक मीटर रूम (meter room) में रखे जाते हैं, जो आमतौर पर ग्राउंड फ्लोर पर स्थित होता है।
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